what is aloha in hindi

आज के ब्लॉग में हम  history of aloha in hindi , उसके types of aloha in hindi, advantages and limitation of aloha in hindi और तकनीकी में उसके प्रभाव के बारे में जानकारी दी गयी है अगर जानकारी थोड़ी भी उपयोगी हो तो अपने दोस्तों में जरूर share करे

कंप्यूटर नेटवर्क की दुनिया में डाटा का ट्रांसमिशन अच्छे से हो यह बहुत महत्वपूर्ण है इन जरूरत को पूरा करने के लिए इंटरनेट के शुरुआत में डिजाइन किए गए प्रोटोकॉल में से एक प्रोटोकॉल अलोहा प्रोटोकॉल है pure अलोहा एक संचार प्रोटोकॉल है जिसने वर्तमान समय के नेटवर्किंग प्रोटोकॉल के लिए आधार तैयार किया

आज के ब्लॉग में हम  history of aloha in hindi , उसके principles of aloha in hindi, advantages and disadvantages of aloha in hindi और तकनीकी में उसके प्रभाव के बारे में जानकारी दी गयी है अगर जानकारी थोड़ी भी उपयोगी हो तो अपने दोस्तों में जरूर share करे

Types of aloha in hindi

types of aloha

  • Pure aloha
  • Slotted aloha
  • reservation aloha

History of aloha in hindi:

History:
ALOHA आप प्रोटोकॉल 1970 के दशक की शुरुआत में University of Hawaii में Norman Abramson के नेतृत्व में विकसित किया गया शुरुआत में इसका उपयोग हवाई दीपों के बीच वॉयरलैस कम्युनिकेशन करने के लिए किया गया ALOHA सिस्टम अपनी सिंपल सिटी के कारण नेटवर्किंग के क्षेत्र में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की।

Principles of pure aloha

Pure aloha डाटा पैकेट को कम्युनिकेट करने के लिए एक सरल और डिसेंट्रलाइज्ड प्रोटोकॉल का उपयोग करता है इसका मूलभूत प्रिंसिपल स्ट्रेट फॉरवार्ड है जब भी किसी डिवाइस के पास डाटा भेजने के लिए होता है तो वह उसे तुरंत भेज देता है शेड्यूलिंग की यह कमी pure अलोहा की मजबूती और कमजोरी दोनों हैं।

pure aloha in hindi:

pure aloha डाटा पैकेट को कम्युनिकेट करने के लिए एक सरल और डिसेंट्रलाइज्ड प्रोटोकॉल का उपयोग करता है इसका मूलभूत प्रिंसिपल straight forward है जब भी किसी डिवाइस के पास डाटा भेजने के लिए होता है तो वह उसे तुरंत भेज देता है शेड्यूलिंग की यह कमी पूरे अलोहा की मजबूती और कमजोरी दोनों हैं।

features of pure aloha:

feature of pure aloha in hindi

Transmission: जब कोई डिवाइस के पास भेजने के लिए डेटा होता है, तो वह तुरंत डेटा पैकेट को send कर देता है।

Acknowledgement:  Sender receiver से Ack की प्रतीक्षा करता है। यदि Acknowledgement प्राप्त हो जाती है, तो transmission सफल होता है।

collision detection:  यदि Ack. एक निश्चित समय सीमा के भीतर प्राप्त नहीं होती है, तो sender यह मान लेता है कि टकराव हुआ है। टकराव तब होता है जब दो डिवाइस एक साथ संचारित होते हैं, जिससे उनके पैकेट ओवरलैप हो जाते हैं और सही तरीके से पढ़े नहीं जाते हो जाते हैं।

Retransmission: पुनःसंचरण: टकराव का पता लगाने के बाद, प्रेषक पैकेट को पुनःसंचारित करने से पहले एक यादृच्छिक अवधि तक प्रतीक्षा करता है। यह यादृच्छिक प्रतीक्षा समय बार-बार टकराव की संभावना को कम करने में मदद करता है।

Efficiency of pure aloha in hindi:

pure ALOHA की efficiency टकराव (collision) की उच्च संभावना के कारण से कम है। अधिकतम प्राप्त करने योग्य थ्रूपुट (S) को नीचे दिए गए सूत्र का उपयोग करके निकला जा सकता है
S=G×e(−2G)

G एक फ्रेम समय में सिस्टम द्वारा उत्पन्न पैकेटों की औसत संख्या है। अधिकतम थ्रूपुट तब होता है जब G=0.5

Smax=1/2e ~ 18.4%

इसका मतलब है कि केवल 18.4% समय ही सफल transmissions के लिए प्रभावी रूप से उपयोग किया जाता है, जबकि बाकी समय टकराव और retransmissions के कारण बर्बाद हो जाता है।

Advantages of pure Aloha in hindi:

Simplicity:  pure aloha protocol की simplicity इसे इसे आसानी से समझने और लागु करना सुविधाजनक बनाता है

Decentralization:  इसमें decentralization की कोई भी जरुरत नहीं होती ह जिससे सिस्टम मजबूत और स्टेबल बन जाता है

Flexibility:  pure aloha flexible है जिसके कारण इसे विभिन्न प्रकार के network में इस्तेमाल किया जा सकता है और इसमें wire और wireless दोनों सिस्टम शामिल है

Limitations of pure aloha in hindi:

High collision Rate:  collision को रोकने के लिए किसी भी mechanism में कमी के कारन  डेटा टकराव की उच्च दर होती है।

Low throughput:  इसमें पिछले example को देखा जिसमे अधिकतम थ्रूपुट 18.4 है जो बड़े नेटवर्क या जिनमे ज्यादा बिजी नेटवर्क के लिए उपयुक्त नहीं है

Variable Delay:  Retransmissions के लिए random wait time में देरी हो सकती है जो time sensitive कार्यो के लिए उपयुक्त नहीं है

Slotted Aloha in hindi:

network communications में जो प्रोटोकॉल डाटा transmission को अच्छे से manage करते है उनमे से एक slotted aloha प्रोटोकॉल है slotted aloha एक ऐसा प्रोटोकॉल है जिसे डाटा transmission के लिए उस समय pure aloha की छमता को बढ़ाने के लिए के लिए डिज़ाइन किया गया था

History of slotted Aloha:

स्लॉटेड ALOHA को 1972 में रॉबर्ट मेटकाफ और उनके सहयोगियों द्वारा विकसित किया गया था, जो हवाई विश्वविद्यालय में develop मूल ALOHA प्रोटोकॉल पर आधारित था। pure ALOHA की सीमाओं को पहचानते हुए, मुख्य रूप से लगातार टकराव के कारण इसके कम थ्रूपुट को देखते हुए, मेटकाफ की टीम ने एक अधिक stable प्रोटोकॉल बनाने का निर्णय लिया जो नेटवर्क ट्रैफ़िक को बेहतर ढंग से manage कर सके।

Principles of slotted aloha in hindi:

Slotted ALOHA अलग-अलग समय स्लॉट पेश करके Pure ALOHA प्रोटोकॉल को manage करता है, जिससे नेटवर्क में सभी नोड्स के ट्रांसमिशन को सिंक्रनाइज़ करता है। यह सिंक्रनाइज़ेशन clollision की संभावना को काफी हद तक कम करता है, जिससे प्रोटोकॉल की दक्षता बढ़ जाती है

Features of slotted Aloha in hindi:

Time slots: time slots में टाइमलाइन को बराबर आकार के टाइम स्लॉट में बाँट दिया जाता है। जिससे प्रत्येक स्लॉट एक पैकेट भेजने के लिए आवश्यक समय से मिलान करता है।

Transmission Timing: एक डिवाइस केवल टाइम स्लॉट की शुरुआत में ही पैकेट ट्रांसमिट करना शुरू कर सकता है। और यह निश्चित करता है कि पैकेट ट्रांसमिशन aligned हैं।

Collision Handling: यदि दो या अधिक डिवाइस एक समय स्लॉट की शुरुआत में एक साथ communicate होते हैं, तो टकराव होता है, जिससे पैकेट अपठनीय हो जाते हैं।

Acknowledgment and Retransmission: Pure ALOHA की तरह , डिवाइस Acknowledgment की प्रतीक्षा करते हैं। यदि कोई Acknowledgment प्राप्त नहीं होता है, तो डिवाइस मान लेता है कि टकराव हुआ है और देरी के बाद retransmission शेड्यूल करता है।

Efficiency and throughput:

Slotted ALOHA में ट्रांसमिशन के सिंक्रोनाइजेशन से Pure ALOHA की तुलना में थ्रूपुट अधिक होता है। Slotted ALOHA का अधिकतम थ्रूपुट (S) इस प्रकार से calculate किया जा सकता है

S=G×e−G

G एक समय स्लॉट में भेजे जाने वाले पैकेटों की औसत संख्या है। अधिकतम थ्रूपुट तब होता है जब G=1,
Smax=1/e ~ 36.8%

यह थ्रूपुट Pure ALOHA से दोगुना है, जो समय-स्लॉट सिंक्रनाइज़ेशन के माध्यम से प्राप्त इसकी कार्य छमता को दर्शाता है।

Advantage of slotted Aloha in hindi:

Improved Efficiency:  टाइम स्लॉट की शुरूआत टकराव की संभावना को काफी कम कर देती है, जिससे नेटवर्क अधिक क्षमता से कार्य कर सकता है।

Simplicity:  सिंक्रोनाइज़ेशन की अधिक जटिलता के बावजूद, slotted ALOHA को लागू करना और मैनेज करना काफी आसान है।

Decentralization: Pure ALOHA की तरह, इसे centralized नियंत्रण की आवश्यकता नहीं होती है, जो इसे distributed नेटवर्क के लिए उपयुक्त माना जाता है।

Limitations of pure aloha in hindi:

Synchronization Requirement:  कुछ नेटवर्क में time सिंक्रोनाइजेशन की आवश्यकता को लागू करना थोड़ा कठिन काम हो सकता है, खासकर उन नेटवर्क में जिनमें नोड्स की latencies अलग-अलग होती है।

Idle slots:  बेहतर दक्षता के साथ भी, कुछ समय स्लॉट ऐसे होते है जो काम में नहीं आते हैं, जिससे नेटवर्क में संसाधनों का पूर्ण उपयोग नहीं हो पाता है। और कुछ slot निष्क्रय रह जाते है

Collision Probability:  हालांकि इसमें टकराव की समभावना कम हो जाती है, लेकिन टकराव की संभावना अभी भी है, खासकर उच्च-ट्रैफ़िक नेटवर्क में, जो पुरे नेटवर्क की performance को सीमित कर देता है।

Reservation Aloha in hindi:

नेटवर्क संचार प्रोटोकॉल के क्षेत्र में, डेटा ट्रांसमिशन को कुशलतापूर्वक manage करना सबसे महत्वपूर्ण काम है, खासकर उन systems में जिनमें ट्रैफ़िक की मात्रा बहुत ज़्यादा होती है। Reservation ALOHA, ALOHA प्रोटोकॉल परिवार का एक विकसित प्रोटोकॉल है जिसका विकास pure aloha, slotted aloha, की कमियों को सुधार कर बनाया गया था

History of reservation aloha in hindi:

ALOHA प्रोटोकॉल परिवार की शुरुआत Pure ALOHA से हुई, जिसे 1970 के दशक की शुरुआत में हवाई विश्वविद्यालय में Norman Abramson और उनकी टीम ने पेश किया था। इसके बाद slotted ALOHA आया, जिसने ट्रांसमिशन को टाइम स्लॉट में व्यवस्थित करके दक्षता में सुधार किया। रिजर्वेशन ALOHA एक और सुधार के रूप में उभरा, जिसका उद्देश्य डिवाइस को भविष्य के ट्रांसमिशन के लिए टाइम स्लॉट आरक्षित करने की अनुमति देकर उच्च नेटवर्क ट्रैफ़िक को अधिक अच्छे ढंग से manage करना था।

Key features of reservation Aloha in hindi

Time slots and frames:  इसमें  समय को फ़्रेम में विभाजित किया जाता है, जिनमें से प्रत्येक में कई समय स्लॉट होते हैं। प्रत्येक फ़्रेम reservation अवधि से शुरू होता है, जिसके बाद डेटा ट्रांसमिशन अवधि होती है।

Reservation process:  आरक्षण अवधि के दौरान, डिवाइस अगले फ़्रेम के भीतर एक निश्चित समय स्लॉट में संचार करने का संकेत देते हैं।

Collision free transmission:   एक बार reservation सफलतापूर्वक हो जाने के बाद, डिवाइस के पास बाद के फ़्रेम में reserved time स्लॉट तक विशेष पहुँच होती है, जिससे collision free transmission होता है।

Repetition and Reuse:  डेटा ट्रांसमिशन के बाद, reservation को बनाए रखा जा सकता है या अन्य डिवाइस के उपयोग के लिए जारी रखा जा सकता है।

Efficiency of reservation aloha in hindi:

Reservation ALOHA डेटा ट्रांसमिशन के दौरान collision को कम करके नेटवर्क दक्षता को बढ़ाता है। reservation process यह निश्चित करती है कि reservation स्लॉट में केवल एक डिवाइस transmit हो, जिससे टकराव के कारण बैंडविड्थ का waste कम हो जाती है।

प्रोटोकॉल का थ्रूपुट successful reservation के अनुपात और reservation स्लॉट के efficient उपयोग से निर्धारित होता है। हालांकि reservation चरण स्वयं collision के लिए प्रवण हो सकता है, इसलिए इस चरण को प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए contention resolution जैसे एल्गोरिदम का उपयोग करके manage किये जाते है

Advantage of reservation aloha in hindi:

Reduced Collision:  समय स्लॉट को reservation करके, प्रोटोकॉल टकराव-मुक्त डेटा ट्रांसमिशन कर सकता है , जिससे नेटवर्क की efficiency में सुधार होता है।

Predictable Performance:  reservation mechanism का उपयोग करके नेटवर्क की अधिक सटीक और stable performance को प्राप्त किया जा सकता है, जो लगातार डेटा दरों की आवश्यकता वाले application के लिए आवश्यक है।

Scalability:  यह प्रोटोकॉल अधिक मात्रा में ट्रैफ़िक को अधिक कुशलता से संभाल सकता है, जिससे की यह कई active डिवाइस वाले नेटवर्क के लिए perfect होता है।

Limitations of reservation aloha in hindi:

Complexity:  reservation process प्रोटोकॉल को नेटवर्क में जोड़ने पर नेटवर्क की जटिलता बढ़ जाती है, जिसके लिए reservation को manage करने और contention को हल करने के लिए अलग से system की जरुरत होती है।

Overhead:  ओवरहेड: reservation phase अतिरिक्त ओवरहेड पेश करता है, जो ठीक से मैनेज न होने पर पुरे बैंडविड्थ क्षमता को कम कर देता है।

Latency:  reservation करने और फिर डेटा transmit करने के लिए आवश्यक समय में देरी हो सकती है, जो time sensitive application के लिए काम में नहीं आ सकता है

Application of reservation aloha in hindi:

Satellite communication systems:  Reservation ALOHA का उपयोग सैटेलाइट संचार प्रणालियों में किया जाता है, जहाँ कई ग्राउंड स्टेशनों को पृथ्वी की परिक्रमा करने वाले उपग्रहों के साथ संचार करने की आवश्यकता होती है। इन प्रणालियों में, reservation system यह सुनिश्चित करता है कि प्रत्येक ग्राउंड स्टेशन उपग्रह को डेटा को manage करने के लिए एक निश्चित समय स्लॉट को reserve करता है। यह रिजर्वेशन टकराव की संभावना को कम करता है और इससे उपग्रह संचार के लिए उपलब्ध limited बैंडविड्थ का पूरी झमता से उपयोग करता है।

Wireless Sensor Networks:  वायरलेस सेंसर नेटवर्क (WSN) में, जहाँ कई सेंसर नोड वायरलेस तरीके से एक दूसरे से जुड़ कर डेटा एकत्र करते है और आपस में transmit करते हैं, Reservation ALOHA डेटा transmission प्रक्रिया को सही ढंग से manage करने में मदद करता है। जिससे प्रत्येक सेंसर नोड अपने डेटा को केंद्रीय निगरानी स्टेशन या पड़ोसी नोड्स को संचारित करने के लिए एक समय स्लॉट आरक्षित कर सकता है। यह reservation based approach का हस्तक्षेप को कम करता है और नेटवर्क के थ्रूपुट को अधिकतम करता है, जो पर्यावरण निगरानी, ​​औद्योगिक स्वचालन और स्मार्ट शहरों जैसे application के लिए महत्वपूर्ण है।

आशा है आपको what is aloha in hindi पोस्ट से कुछ नई जानकरी मिली होगी और अगर आपको पोस्ट अच्छी लगी हो तो अपने दोस्तों में शेयर करे और कमेंट करे और किसी टॉपिक पर आप knowledge चाहते हो तो कमेंट में टॉपिक का नाम लिखे, धन्यवाद

Reference: https://www.tutorialspoint.com/aloha-protocol-in-computer-network

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